ads banner
ads banner
ads banner
ads banner
बॉक्सिंग न्यूज़अन्य कहानियांगोल्ड मैडल जीतने के बाद स्कूल में 15 वर्षीय मुक्केबाज का स्वागत

गोल्ड मैडल जीतने के बाद स्कूल में 15 वर्षीय मुक्केबाज का स्वागत

Boxing News in Hindi

बॉक्सिंग न्यूज़: गोल्ड मैडल जीतने के बाद स्कूल में 15 वर्षीय मुक्केबाज का स्वागत

इस महीने की शुरुआत में आयरलैंड के लिए गोल्ड मैडल जीतने के बाद 15 वर्षीय मुक्केबाज तधग ओ’डोनेल का उनके स्कूल में अविश्वसनीय तरीके से शानदार स्वागत किया गया.15 वर्षीय ने युवा एमेच्योर मुक्केबाजी में यूरोप में जीत का दावा किया।

स्कूल में गार्ड ऑफ ऑनर के साथ स्वागत 

तधग ओ’डोनेल का इस महीने की शुरुआत में आयरलैंड के लिए स्वर्ण पदक जीतने के बाद उनके स्कूल में उनका शानदार स्वागत किया गया. यूरोपीय जूनियर चैंपियनशिप में युवा एमेच्योर में जीत का दावा किया क्योंकि उन्होंने 66 किग्रा फाइनल में जीत हासिल की थी।

रेडिट पर पोस्ट किए गए उनके स्वागत का वीडियो में तालियों की गड़गड़ाहट की आवाज सुनाई दे रही है जिसमें स्कूलों के बच्चे बॉक्सर का स्वागत करने के लिए लाईन में खड़े थे,

और 15 साल के बच्चे का पूरे स्कूल द्वारा गार्ड ऑफ ऑनर के साथ स्वागत किया गया, जो उसके लिए अपना समर्थन दिखाने के लिए इकट्टठा हुए थे।

ये भी पढ़ें – मैरी कॉम को हराने वाली तुलसी ने तमिल निर्देशक पर लगाए गंभीर आरोप

शानदार तरीके से जीता मुकाबला

गोल्ड मैडल जीत के बाद टेंपल कैरिग स्कूल में उनके दोस्तों ने उसकी सराहना किया क्योकिं ओ’डॉनेल ने पोलैंड के पावेल फेबियन अर्बनस्क को एक प्रमुख मुकाबले में शानदार प्रदर्शन करके हराया. अंतिम मुक्केबाजी बाउट के अंत में स्कोरकार्ड उनके पक्ष में 30-27, 30-27, 30-27, 30-27, 30-27 थे, स्कूल के स्वागत और उनके लिए छात्रों के स्वागत ने उन्हें खुशी के उत्साह से भर दिया

तधग ओ’डोनेल ने अपनी जीत पर कही ये बातें

अपनी जीत पर युवा मुक्केबाज ने कहा कि वह जीत से ‘खुश’ हैं उन्होंने इस तरह की जीत के लिए जिस तरह के ट्रेनिंग की आवश्यकता होती है, उन पर बात करते हुए कहा,

उन्होनें अपनी पिछली घटनाओं को याद करते हुए कहा कि अपने ट्रेनिंग के दौरान वो पिछले साल दोस्तों के साथ बाहर नहीं जा सके, बॉक्सर ने कहा कि उन्होंने सारा समय “प्रशिक्षण और फाईट में बिताया।

दोस्तों और भीड़ ने बढ़ाया उत्साह

ओ’डॉनेल ने अपनी जीत पर ने यह भी बताया कि टूर्नामेंट में सभी मुकाबले गुणवत्ता के उच्च स्तर के थे लेकिन उनकी ट्रिनिंग की तैयारी सभी “स्पॉट ऑन” थी उन्होंने कहा कि,

वह सही समय पर अच्छे लक्ष्य पर पहुंचे, जिससे उन्हें स्वर्ण पदक जीतने का मौका मिला. मैच में जब वह फ़ाइनल खेल रहे थे तब उनके दोस्तों ने और भीड़ ने उनका उत्साह बढ़ाया।

ये भी पढ़ें – मैरी कॉम को हराने वाली तुलसी ने तमिल निर्देशक पर लगाए गंभीर आरोप

Dheeraj Roy
Dheeraj Royhttps://boxingpulsenews.com/
मैं शहर का नया बॉक्सिंग पत्रकार हूं। सभी चीजों-मुक्केबाजी पर अंतर्दृष्टिपूर्ण, रोशनी वाली रिपोर्टिंग की अपेक्षा करें।

बॉक्सिंग हिंदी लेख

नवीनतम बॉक्सिंग न्यूज़ इन हिंदी